शामली। धीमनपुरा के पास बुधवार तड़के मालगाड़ी के डिब्बे उतरने की रिपोर्टिंग करने गए टेलीविजन पत्रकार की रेलवे पुलिस (जीआरपी) ने जमकर पिटाई की और उसके कैमरे तोड़ डाले। मौके पर मौजूद जीआरपी के जवानों ने अमित शर्मा नाम के टीवी पत्रकार के साथ पहले गाली गलौज की और फिर पंच मारे और उसकी जमकर पिटाई की। उसके बाद उसके कैमरे भी छीनकर तोड़ डाले।इस घटना के बाद एसएचओ राकेश कुमार और जीआरपी कांस्टेबल सुनील कुमार को निलंबित कर दिया गया और घटना की जांच के आदेश दिये गये है।
पत्रकार ने बताया कि पुलिस ने उनकी एक बात भी नहीं सुनी और वे लगातार उनकी पिटाई करते रहे। उसके बाद जीआरपी ने हवालात के अंदर बन्द कर पत्रकार को अमानवीय टार्चर किया गया।
![]()
देखें वीडियो रेलवे पुलिस पर किस तरह हैवानियत सवार थी ‘ कानून के रखवाले के रूप में गुंडे का आतंक : https://twitter.com/TheSamirAbbas/status/1138684920652369920?s=09
इस घटना के सामने आने के बाद कई पत्रकार पुलिस थाने पहुंच गए और पत्रकार अमित शर्मा की पिटाई करते पुलिस के वीडियो सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दिए। पत्रकारों ने पुलिस मुख्यालय में भी सीनियर अधिकारियों के साथ संपर्क किया।इस घटना के बाद एसएचओ राकेश कुमार और जीआरपी कांस्टेबल सुनील कुमार को निलंबित कर घटना की जांच के आदेश दिए गए हैं। बाद में पत्रकार को भी छोड़ दिया गया। इसके साथ ही, एसपी जीआरपी मुरादाबाद को जांच सौंपी गई है।
![]()
शामली के एसएसपी अजय कुमार पांडेय ने कहा कि घटना के बारे में सीनियर अधिकारियों को अवगत करा दिया गया है जो कि ‘दुर्भाग्यपूर्ण’ था। आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
इस घटना पर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा है कि पत्रकारों की गिरफ़्तारी लोकतांत्रिक ढाँचे को ध्वस्त करने की दिशा में एक कदम है। यह तो पहले ही पता था कि सत्ताधीश चाहते हैं टीवी और अख़बार वही बयां करें जिससे उन्हें लाभ हो और अब सोशल मीडिया की स्वतंत्रता भी छीनी जा रही है। उन्होंने कहा कि इस मुश्किल घड़ी में हम लोकतंत्र के चौथे स्तंभ के साथ हैं।
