महिला सुरक्षा मामले में सरकार बिल्कुल गंभीर नहीं : डॉ सारिका वर्मा

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पुलिस कमिश्नर नागरिकों के साथ ठीक से बात करना भी उचित नहीं समझते  : अनु यादव

गुडगांव 19 अक्टूबर: गुडगांव निवासियों का एक समूह  पुलिस कमिश्नर कला रामाचंद्रन से महिला सुरक्षा के बारे में चर्चा करने पहुंचे . नागरिकों का अनुरोध था की पुलिस पेट्रोलिंग बढ़ाई जाए, शहर की सड़कों पर स्ट्रीट लाइट लगाई जाए और सीसीटीवी कैमरा पूरे शहर में इंस्टाल किया जाए ताकि नागरिकों को सुरक्षित माहौल मिल सके.

अनु यादव का कहना है पुलिस कमिश्नर मैडम को स्थानीय निवासियों से बात करने में आपत्ति आ रही थी. उन्होंने बहुत ही रूखे तरीके से बात की और कहा सूटकेस में शव मिलने के मामले में 24 घंटे में कातिल को गिरफ्तार कर लिया है और पुलिस से क्या उम्मीद करते हैं. जब सुशीला कटारिया ने महिला सुरक्षा की बात की तो उन्होंने सलाह दी कि अपने बच्चियों को संभाल के रखो और कोई उम्मीद ना करें की आपकी कोई मदद करेगा. मनीष मक्कर ने गुड़गांव के एम जी रोड पर गलत कामों की शिकायत करने पर भी कमिश्नर मैडम भड़क पड़ी कि हमने 2 रेड कर दी हैं और अब कोई गलत काम हो रहा हो तो फोटो खींचकर दिखा देना.

डॉ सारिका वर्मा ने कहा कि एक तरफ हरियाणा सरकार बलात्कारी राम रहीम को हर चुनाव से पहले 40 दिन की पैरोल पर रिहा कर देती है, दूसरी तरफ बिलकिस बानो के बलात्कारियों को केंद्रीय सरकार की अनुमति से गुजरात सरकार रिहा कर रही है. मालूम होता है कि भारत में महिला सुरक्षा मजाक बनकर रह गया है. प्रधानमंत्री विज्ञापनों में कई करोड़ खर्च देते हैं लेकिन “बेटी बचाओ” केवल एक नारा बन कर रह गया है. जिस देश में 50 प्रतिशत आबादी सुरक्षित नहीं हो वह देश कैसे तरक्की कर सकता है.

अंजलि राही ने कहा कि सरकार, प्रशासन, अधिकारी सब अपनी कुर्सी के गुरुर में आमजन की पीड़ा पूरी तरह से भूल चुके हैं . पर यही सत्ता का घमंड जिसने रावण को राख कर दिया था इनको भी खत्म कर देगा. पुलिस कमिश्नर से मिलने वालों में सिया, एडवोकेट निशांत यादव, राम अदलक्खा , हरीश मल्होत्रा, हरि नटराजन ,पारस जुनेजा, एडवोकेट नरेश चौहान, डॉ करण जुनेजा, कुलबीर सिंह , प्रताप सिंह कदम और शत्रुंजय बरनवाल भी शामिल रहे.

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