भाजपा नेतृत्व ने अगले साल चुनाव होने वाले 5 राज्यों में पार्टी की स्थिति पर किया मंथन

59 / 100
Font Size

नई दिल्ली : कोरोना महामारी की दूसरी लहर के दौरान क्षेत्र में अपने नेताओं की जमीनी अनुपस्थिति के कारण, भाजपा ने शनिवार को अपने नेताओं की गतिविधियों का विश्लेषण किया. सूत्रों का कहना है कि पार्टी नेतृत्व ने अगले साल की शुरुआत में होने वाले पांच विधानसभा चुनावों से पहले अपने कार्यकर्ताओं को फिर से सक्रिय करने का फैसला किया है। पांच राज्यों जिनमें उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, मणिपुर, पंजाब और गोवा शामिल है में पार्टी को नए सिरे लिए कार्यकर्ताओं व नेताओं को प्रोत्साहित करने का निर्णय लिया है.

 

शनिवार को दिन भर चली बैठक के बाद भाजपा अध्यक्ष जे पी नड्डा और संगठन महासचिव बी एल संतोष ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। सूत्रों का कहना है कि प्रधान मंत्री को बैठक में लिए गए निर्णय व आकलन की जानकारी दी गई.

 

बैठक में पार्टी महासचिवों और अगले वर्ष चुनाव होने वाले राज्यों के पार्ट्री प्रभारी नेताओं ने ‘सेवा ही संगठन’ कार्यक्रम के तहत पार्टी की गतिविधियों की स्थिति की चर्चा की. पीएम मोदी ने नेताओं से प्रदेश व केंद्र सरकार के खिलाफ आलोचना का मुकाबला करने की हिदयात दी। बताया जाता है कि भाजपा नेतृत्व ने अपने-अपने विंग के काम काज और उनके परफोर्मेंस का आकलन किया. इसमें पार्टी के विभिन्न मोर्चा के प्रमुखों को भी बुलाया गया था.

 

खबर यह भी है कि भाजपा संसदीय बोर्ड का भी पुनर्गठन शीघ्र किया जाएगा सकता है । वर्तमान में इसमें आठ सदस्य हैं जबकि चार स्थान खाली हैं. इसमें से एम वेंकैया नायडू उपराष्ट्रपति बनने के बाद हेट जबकि अरुण जेटली, सुषमा स्वराज और अनंत कुमार का देहांत हो गया जिससे उनके स्थान पर किसी को नहीं लाया गया था।

 

सूत्रों का कहना है कि पश्चिम बंगाल, असम, तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में हाल ही में संपन्न चुनावों में पार्ट्री के परफोर्मेंस का भी आकलन किया गया। बैठक में बंगाल के मामले में भाजपा की हार का कारण मुस्लिम वोटों को टीएमसी के पक्ष में गोलबंद होने और जबकि कांग्रेस-वाम समर्थक वोट टीएमसी की और जाने को जिम्मेदार ठहराया गया .

 

बैठकों में महासचिवों और पांच राज्यों के प्रभारी ने महामारी के दौरान पार्टी की और से चलाई जा रही गतिविधियों के बारे में बताया. गतिविधियों की समीक्षा की गई। सभी ने अपने राज्यों की रिपोर्ट दी.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You cannot copy content of this page