समुद्र मंथन में ऐतिहासिक मंदार पर्वत की सजीव कलाकृति का निर्माण कर प्रसिद्ध सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र ने 15 करोड़ वर्ष पुरानी कथा की याद दिला दी

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तस्वीरें बिहार के बांका से…….!

सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र के आई लव मंदार के संदेश के कायल हुए मंत्री शाहनवाज व जयंत, जमकर की प्रशंसा

बिहार के इस मशहूर कलाकार ने रेत पर बनाई 12 फीट ऊंची शानदार मंदार पर्वत और समुंद्र मंथन की तस्वीर

कलाकृति को देख हर कोई हो रहा है मोहित

रेत की कलाकृतियां मंदार महोत्सव में दे रही हैं, दहेजप्रथा उन्मूलन, शराबबंदी व जल जीवन हरियाली का संदेश

डीएम एसपी ने की कलाकार की सराहना

मोतिहारी/बांका : विश्वविख्यात रेतकला के महान कलाकार मधुरेंद्र कुमार जो कि हर खास मौकों पर रेत से अपनी कलाकृति बनाने को लेकर दुनियाभर में मशहूर हैं। इस बार 14 जनवरी से शुरू हुए तीन दिवसीय मंदार महोत्सव के आयोजन अवसर पर उन्हें पर्यटन विभाग एवं जिला प्रशासन की ओर से आमंत्रित किया गया। पूर्वी चंपारण जिले के घोड़ासहन बिजबनी गांव से आये रेतकला के युवा सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र कुमार ने शुक्रवार से शुरू करते हुए बांका जिले के बौसी प्रखंड के कृषि प्रदर्शनी भवन के मुख्य द्वार के बगल में अपनी दो दिनों की कठिन मेहनत के बाद शनिवार को रेत पर 12 फीट उंची और 20 फिट लंबी मंदार पर्वत और समुंद्र मंथन की कलाकृति बनाई । इस पर उन्होंने आई लव मंदार लिख कर स्थानीय पर्यटकों को आकर्षित करने की शानदार कोशिश की। पौराणिक ग्रंथों में आये वर्णन के अनुसार इस पर्वत व समुद्र मंथन का इतिहास अब से 15 करोड़ 5 लाख 122 साल पुराना है । इसमें सुर और असुरों ने मिलकर समुद्र मंथन किया था जिससे अमृत कलश, 14 रत्न और माता लक्ष्मी सहित अनेक अमूल्य निधियों की उत्पत्ति हुई थी ।

समुद्र मंथन में ऐतिहासिक मंदार पर्वत की सजीव कलाकृति का निर्माण कर प्रसिद्ध सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र ने 15 करोड़ वर्ष पुरानी कथा की याद दिला दी 2

मधुरेंद्र ने 24 घंटे के कठिन परिश्रम के बाद अपनी अद्भुत कलाकृतियों का आकर्षक और चकित करने वाला नमूना पेश किया। इसे देख बिहार सरकार के आपदा प्रबंधन मंत्री सह जिला प्रभारी मंत्री शाहनवाज आलम और लघु जल संसाधन मंत्री जयंत राज भी मधुरेंद्र की कलाकृति के कायल हो गए। दोनों मंत्रियों ने वाह मधुरेंद्र कहकर पीठ थपथपाते हुए बधाई भी दी। वही भागलपुर प्रमंडल आयुक्त दयानिधान पांडेय व बांका जिलाधिकारी अंशुल कुमार एवं एसपी डॉ सत्यप्रकाश ने भी सैंड आर्टिस्ट मधुरेंद्र की कलाकृति की जमकर सराहना की।

बता दें कि सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र अब तक मंदार पर्वत और समुद्र मंथन समेत बिहार सरकार के पूर्ण शराबबंदी, दहेज प्रथा उन्मूलन, जल जीवन हरियाली अभियान की कलाकृति बना कर आम लोगों को जागरूक करने वाला योगदान देता रहा है। बिहार राज्य के बांका जिला के बौसी प्रखंड के कृषि प्रदर्शनी भवन के मुख्य द्वार पर बनाई गई कलाकृति को देखने के लिए लोगों का जनसैलाब उमड़ पड़ा।

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बिहार के जिला बांका स्थित बौसी प्रखण्ड में आयोजित मंदार महोत्सव में प्रसिद्ध सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र

मधुरेंद्र ने बताया कि इसमें एक ट्रक बालू का उपयोग किया गया है। उन्होंने कहा कि मंदार पर्वत और समुद्र मंथन की भव्य कलाकृति तैयार करना मेरे लिए गौरव की बात है क्योंकि ये हमारे राज्य की पौराणिक संस्कृति से जुड़े हैं। मधुरेन्द्र ने कहा कि उनकी कोशिश सदा सांस्कृतिक विरासत , सामाजिक कुरीतियों , स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार, और पर्यटन के प्रति लोगों में जागरूकता फैलाने की रहती है। बौसी में भी मंदार पर्वत और समुद्र मंथन का सजीव चित्रण इसी प्रयास की एक अहम कड़ी है और कलाकृति यहां आने वाले लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। जो भी लोग देख रहे हैं वह अपने सेलफोन में इसकी तसवीर कैद कर रहें हैं। सैंड आर्टिस्ट मधुरेंद्र ने यह अवसर प्रदान करने के लिए बिहार सरकार के पर्यटन विभाग और जिला प्रशासन बांका को धन्यवाद दिया।

मौके पर उपस्थित सांसद गिरधारी यादव, पूर्व मंत्री सह बांका विधायक रामनारायण मंडल, बेलहर विधायक मनोज यादव, धोरैया विधायक भूदेव चौधरी, कटोरिया विधायक निधि हेमब्रम, विधान पार्षद एनके यादव, विजय कुमार सिंह व संजीव सिंह एवं जिप अध्यक्ष सुनील कुमार सिंह, प्रशासनिक अधिकारी उप विकास आयुक्त कौशलेंद्र कुमार, पर्यटन पदाधिकारी शंभु कुमार पटेल समेत सैकड़ों आम लोंगो ने भी कलाकृति की सराहना करते सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र कुमार को बधाई दी।

Suvash Chandra Choudhary

Editor-in-Chief

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