जयललिता की हालत क्रिटिकल,झूठी ख़बरों से फैला भ्रम

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पहले पार्टी का झंडा झुकाया फिर किया सीधा

पार्टी मुख्यालय में एआईएडीएम् के विधायकों की बैठक

पनिसेलवम हो सकते हैं राज्य के अगले मुख्यमंत्री

 चेन्‍नई : तमिलनाडु की मुख्‍यमंत्री जे जयललिता की हालत अभी भी अत्‍यंत नाजुक बनी हुई है. उन्हें एकमो सिस्टम पर रकः गया है जिसके सहारे रिकवर करने में कई दिन या सप्ताह लग सकते हैं. उनको रविवार शाम को दिल का दौरा पड़ा था. कुछ सोशल मिडिया और क्षेत्रीय मिडिया व न्यूज पोर्टल के झूठी ख़बरों के कारन पार्टी मुख्‍यालय में पार्टी का झंडा आधा झुका दिया गया था हालांकि बाद में उसको फिर से सीधा कर दिया गया. इनके देहांत की निराधार ख़बरों के कारण अपोलो अस्‍पताल के बाहर खड़े उनके समर्थक उग्र होते देखे गए. जयललिता इसी अस्‍पताल में भर्ती हैं. बताया जाता है की ए आई ए डी एम् के विधायकों की बैठक पार्टी मुख्यालय में चल रही है.

संभावना है कि उनके सबसे खास व विश्वासपात्र मंत्री पनिसेलवम राज्य के अगले मुख्यमंत्री हो सकते हैं. आशंका इस बात की भी है जयललिता की नजदीकी शशिकाला और थम्बिदुरई के नाम पर भी चर्चा हो सकती है. सवाल है कि जयललिता के बाद पार्टी का महासचिव किसे बनाया जाता है.  

 

इस बीच जयललिता के निधन की झूठी ख़बरों से उग्र समर्थकों ने अस्‍पताल के भीतर लगी बैरिकेडिंग को तोड़ दिया. उग्र भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस को लाठियां भांजनी पड़ीं. अपोलो अस्पताल में ही तमिलनाडु की मुख्यमंत्री जयललिता को रविवार शाम दिल का दौरा पड़ा. अपोलो अस्पताल प्रबंधन का कहना है कि उनकी हालत अब भी गंभीर बनी हुई है और विशेषज्ञ डाक्टरों की टीम उनके ईलाज में जुटी हुयी है. उन्हें एकमो सिस्टम पर रखा गया है. हार्ट रोग विशेषज्ञों का कहना है कि इसमें रिकवर करने में कई दिन या सप्ताह लग सकते हैं. इस सिस्टम पर रखने का मतलब है उनकी हालत बेहत गंभीर है.

उनके स्वास्थ्य का हाल जानने के लिए केंद्रीय सूचना प्रसारण मंत्री एम् वेंकैया नायडू ने भी अपोलो अस्पताल का दौरा किया. हालाँकि उन्होंने अभी तक इस सम्बन्ध में कुछ नहीं कहा है.

 

दूसरी तरफ पार्टी नेताओं ने कहा है कि अब वह ठीक हैं. यह कहना है उनकी पार्टी एआईएडीएमके की सीआर सरस्वती का. वैसे, अपोलो अस्पताल के मुताबिक, वह आईसीयू में हैं और विशेषज्ञ डॉक्टर उनकी देखभाल कर रहे हैं. पार्टी के बयान के विपरीत चेन्नई के अपोलो अस्पताल ने कहा, आज सुबह जयललिता के हार्ट का कोई ऑपरेशन नहीं हुआ.

 

अपोलो अस्पताल के मुख्य संचालन अधिकारी और ट्रांसफॉर्मेशन के प्रमुख डॉ. सुब्बैया विश्वनाथन ने एक बयान में कहा था, ‘तमिलनाडु की माननीय मुख्यमंत्री, जिनका अपोलो अस्पताल में इलाज चल रहा है, को रविवार शाम दिल का दौरा पड़ा.’ बयान के मुताबिक, ‘हृदय रोग विशेषज्ञ, पल्मोनरी रोग विशेषज्ञ और नाजुक स्थिति में देखभाल करने वाले विशेषज्ञों की एक टीम उनका इलाज कर रही है और उनकी सेहत की निगरानी कर रही है.’

 

अपोलो अस्पताल ने बताया कि लंदन से डॉ. रिचर्ड बीयले से सलाह ली गई है और उन्होंने हमारे हृदय रोग विशेषज्ञों और पल्मोनोलॉजिस्ट्स के उपचार की दिशा से सहमति जताई.

 

तमिलनाडु सरकार के वरिष्ठ मंत्री अस्पताल में मौजूद हैं. जयललिता को दिल का दौरा पड़ने की खबर मिलने के बाद अपोलो अस्पताल के बाहर बड़ी संख्या में पार्टी के कार्यकर्ता जमा हो गए. अस्पताल के इर्द-गिर्द भारी पुलिस बंदोबस्त किया गया है. अस्पताल के आसपास बैरिकेड लगाए गए हैं और निकट की सड़कों पर पुलिस की मौजूदगी है.

 

केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने तमिलनाडु के राज्यपाल सी विद्यासागर राव से बातचीत की और मुख्यमंत्री जयललिता के स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ली. राज्यपाल राव देर रात अपोलो अस्पताल पहुंचे और करीब 10 मिनट रुकने के बाद वहां से चले गए.

 

इससे कुछ घंटे पहले ही उनकी पार्टी अन्नाद्रमुक ने कहा था कि जयललिता ‘जल्द ही’ घर लौट सकती हैं, क्योंकि एम्स की एक विशेषज्ञ टीम ने पुष्टि की है कि वह पूरी तरह ठीक हो चुकी हैं. पार्टी प्रवक्ता सी. पोन्नियन ने संवाददाताओं से कहा था कि एम्स के डॉक्टरों ने शनिवार को अस्पताल का दौरा किया था और उनके (जयललिता के) स्वास्थ्य की जांच के बाद उन्होंने अच्छी खबर बताई कि अम्मा पूरी तरह ठीक हो चुकी हैं.’

 

68-वर्षीय अन्नाद्रमुक सुप्रीमो को 22 सितंबर को अस्पताल में भर्ती कराए जाने के बाद से यह दल दौरा करता रहा है. पोन्नियन ने कहा था कि मुख्यमंत्री ‘शारीरिक व्यायाम’ कर रही हैं और उनका ‘फीजियोथेरेपी’ चल रहा है. उन्होंने यह भी कहा था कि वह खुद से खाना खा रही हैं और सरकार तथा पार्टी मामलों में निर्देश भी दे रही हैं.

 

जयललिता को 22 सितंबर को अस्पताल में भर्ती किया गया था. कई डॉक्टरों ने उनका इलाज किया जिसमें ब्रिटेन से आए विशेषज्ञ भी शामिल हैं. हफ्तों तक आईसीयू में भर्ती होने के बाद उन्हें कुछ दिन पहले स्पेशल रूम में लाया गया, जहां पार्टी के मुताबिक ‘लोगों से मिलने के लिए ज्यादा जगह थी.’ मुख्यमंत्री ने कुछ दिन पहले एक बयान जारी कर अपनी सेहत में आए सुधार को ‘पुनर्जन्म’ बताया था और कहा था कि वह पूरी तरह स्वस्थ होकर जल्द से जल्द काम पर लौटना चाहती हैं.

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