एनएटीएमओ के कोविड-19 डैशबोर्ड का चौथा अद्यतन संस्करण

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नई दिल्ली : विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग, भारत सरकार के अधीनस्थ विभाग के रूप में कार्यरत राष्ट्रीय एटलस एवं थिमैटिक मानचित्रण मैपिंग संगठन (एनएटीएमओ) ने 19 जून 2020 को अपने आधिकारिक पोर्टल http://geoportal.natmo.gov.in/Covid19/पर कोविड-19 डैशबोर्ड के चौथे अद्यतन संस्करण को प्रकाशित किया।

कोविड-19 डैशबोर्ड के चौथे अद्यतन संस्करण की विशेषताएँ :

  1. एकल मानचित्र विंडो जिसके माध्यम से उपयोगकर्ता को कोविड-19 से संबंधित विस्तृत जानकारी मिल सकती है।

 

  1. कोविडसांख्यिकी: पुष्ट मामले, ठीक हुए लोगों की संख्या, मौत, रिकवरी की दर, और मृत्यु-दर की जानकारी राज्य और जिले के अनुसार दी गई है, जबकि स्वास्थ्य सुविधाओं की जानकारी जैसे – अस्पताल, जांच प्रयोगशाला, ब्लड बैंक भी इसी मानचित्र में देखे जा सकते हैं।

 

  1. डेटा को दिखाने के लिए ‘ड्रिल डाउन’ दृष्टिकोण अपनाया गया है। उपयोगकर्ता राज्य का चयन करके कोविड मामलों के जिलावार वितरण और उपलब्ध स्वास्थ्य सुविधाओं को देख सकते हैं। उपयोगकर्ता ज़ूम करके व्यक्तिगत स्वास्थ्य सुविधा की जानकारी भी पा सकते हैं। आम लोगों के लिए कुछ उपयोगी जानकारी जैसे पता, श्रेणियां और शहर में अवस्थिति आदि  सूचना, टूल के साथ दिए गए हैं। डेटा विज़ुअल के लिए मानचित्र प्राथमिकताओं को अपनाया गया है।

4. राज्यों के परिदृश्य को चार्ट के माध्यम से चित्रित किया गया है और इसमें पिछले 14 दिनों के डेटा पर विशेष ध्यान दिया गया है। सबसे अधिक पुष्ट मामले वाले दो राज्य डिफ़ॉल्ट रूप में दिखाए गए हैं, और उपयोगकर्ता ड्रॉप-डाउन के जरिये किसी अन्य राज्य की जानकारी देखने का विकल्प चुन सकते हैं।

 

कोविड -19 एक विश्वव्यापी स्वास्थ्य आपदा है और वर्तमान में वैश्विक आपातकाल की स्थिति है। दुनिया के 217 देश इस घातक बीमारी से लड़ने के लिए भारी कठिनाइयों का सामना कर रहे हैं। भारत भी इसका अपवाद नहीं है, और पहला कोविड पॉजिटिव केस 30 जनवरी,2020 को देश में पाया गया था। कोविड-19 ने गंभीर स्थिति पैदा कर दी है। भारत सरकार ने देश के सामुदायिक स्वास्थ्य पर इसके प्रतिकूल प्रभाव को नियंत्रित करने के लिए कई पहल की हैं जैसे कोविड विशिष्ट स्वास्थ्य अवसंरचना को मज़बूत करना, सामाजिक व्यवहार को नियंत्रित करने के लिए जागरूकता फैलाना आदि।

 

ऐसी परिस्थिति में, नागरिकों में जागरूकता फैलाना और चिंताजनक भय को दूर करने के लिए सबसे लोकप्रिय दृष्टिकोण डैशबोर्ड के जरिये स्थिति विश्लेषण करना है। विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग के भू-स्थानिक समूह के मार्गदर्शन में एनएटीएमओ ने 14 अप्रैल 2020 को अपने कोविड-19 डैशबोर्ड को होस्ट करने की पहल की। इसके तहत कोविड-19 का सामना करने के लिए सभी सरकारी विभाग के डेटा को एकीकृत करने और इन्हें सिंगल-विंडो प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध कराया गया। आमतौर पर अन्य कोविड डैशबोर्ड, कोविड मामलों के केवल राज्य/जिलेवार वितरण पर ध्यान केंद्रित करते हैं। लेकिन एनएटीएमओ ने अपने डैशबोर्ड में स्वास्थ्य संबंधी बुनियादी ढांचे से जुड़ी सूचनाओं का प्रावधान किया है, जो आम लोगों को इस मुद्दे पर जरूरी जानकारी प्राप्त करने में मदद कर सकते हैं।

 

कोविड 19 डैशबोर्ड के प्रारंभिक संचालन के बाद, इसे समय-समय पर अद्यतन किया गया है, जिससे यह प्रामाणिक विषयगत जानकारी की उपलब्धता के आधार पर बदलती स्थिति के साथ तालमेल बनाए रखता है।

 

कोविड-19 महामारी का परिदृश्य तेजी से बदल रहा है। कारण-प्रभाव संबंध का विश्लेषण जनसांख्यिकीय-सामाजिक-आर्थिक कारकों पर विचार करके किया जा सकता है, जो हमें इस परिदृश्य से अधिकतम ज्ञान प्राप्त करने में मदद कर सकता है। यह सीखने का एक अवसर है। यह अनुभव भविष्य में इस तरह की जानलेवा बीमारियों से लड़ने में मदद कर सकता है।

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