केन्द्रीय कृषि मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव डॉ अभिलक्ष लिखी ने हिमाचल का दौरा किया, किसानों से की लिलियम फूलों की खेती पर चर्चा

Font Size

चण्डीगढ़, 13 मार्च। केन्द्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव डॉ अभिलक्ष लिखी ने विपणन एवं निरीक्षण निदेशालय (डी.एम्.आई), राज्य सरकार के सम्बंधित विभागों (बागवानी विभाग, कृषि विभाग, सोलन कृषि उपज मंडी समिति आदि) तथा नाबार्ड के अधिकारियों के साथ हिमाचल प्रदेश में धरमपुर सोलन स्थित चाबल (गरखल) गाँव में प्रगतिशील किसानों द्वारा की जा रही लिलियम एवं कारनेशन फूलों की खेती के क्षेत्रों का दौरा आज किया।

इस दौरान, प्रगतिशील किसानों ने बताया कि वे लिलियम फूल (लिलियम बल्ब से) एवं कारनेशन फूलों और सब्जियों (गोभी) का उत्पादन कर रहे हैं। अतिरिक्त सचिव द्वारा फूलो(लिलियम एवं कारनेशन) के पॉलीहाउस एवं इनके नव स्थापित कोल्ड स्टोरेज सुविधा का दौरा किया गया। अतिरिक्त सचिव ने उपस्थित किसानो को भारत सरकार की 10000 नए एफपीओ बनाने और प्रमोट करने की नयी सेंट्रल सेक्टर स्कीम के अंतर्गत जुड़ने और इसका लाभ लेने के बारे में चर्चा की ।


उन्होंने आगे यह भी कहा कि एफपीओ भूमि को एकत्रित करके खेती को अधिक व्यवहारिक बना देगा और एफपीओ का गठन केवल एक योजना नहीं है, बल्कि यह एक नए भारत में भारतीय कृषि को एक नया आयाम देने की योजना है। एफपीओ योजना क्रांतिकारी है और किसानों के जीवन में परिवर्तन लाती है।

10,000 एफपीओ योजना के इस गठन से किसानों के खेत के गेट से बिक्री को बढ़ावा मिलेगा जिससे किसानों की आय बढ़ेगी। इससे आपूर्ति श्रृंखला छोटी हो जाएगी और तदनुसार विपणन लागत कम हो जाएगी जिससे किसानों को बेहतर आय प्राप्त होगी। यह ग्रामीण युवाओं के लिए रोजगार के अधिक अवसर पैदा करने वाले फार्म गेट के पास विपणन और मूल्य संवर्धन के बुनियादी ढांचे में अधिक निवेश को गति देगा। अतिरिक्त सचिव ने अन्य बेहतर सुझाव भी दिए जिसे किसानों द्वारा ध्यान पूर्वक सुना गया और भारत सरकार की योजनाओ का लाभ लेने की उत्सुकता देखी गयी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You cannot copy content of this page